कहा मुआवजा दिलवाने की बात कर मंडी समारोह में लोगों को ले जाना गलत
रेणुका गौतम, कुल्लू : हिमाचल प्रदेश की कांग्रेस सरकार अपने 3 वर्ष पूर्ण होने पर ज़िला मंडी में ‘जनसंकल्प’ रैली आयोजित करने जा रही है। यह आयोजन 11 दिसंबर को होना तय हुआ है। इस बात को लेकर ज़िला कुल्लू की बंजार विधानसभा क्षेत्र के विधायक सुरेंद्र शौरी ने प्रदेश सरकार पर धावा बोला है। और प्रदेश सरकार पर आम जनमानस की भावनाओं को दरकिनार करता हुए सिर्फ अपनी मनमर्जी करने का आरोप भी लगाया है।
ज़िला मुख्यालय कुल्लू में बंजार के विधायक सुरेंद्र शौरी ने एक पत्रकार वार्ता आयोजित की। जिसमें उन्होंने साफ तौर पर प्रदेश की कांग्रेस सरकार द्वारा 3 वर्ष पूर्ण करने पर मंडी में मनाए जाने वाले जनसंकल्प रैली पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि पिछले तीन वर्षों में प्रदेश सरकार ने न तो समाज के किसी भी वर्ग के विकास की तरफ ध्यान नहीं दिया न ही चुनावों के दौरान दी गई गारंटियों का पूरा कार पाई। तो भला अब बचे हुए 2 वर्षों में कौन से कार्यों को संकल्प लेकर अब पूरा कर पाएगी। लेकिन हर जगह मनमर्जी हो इस सरकार द्वारा की गई है। और अब तो हद हो गई है कि ज़िला कुल्लू से आपदा ग्रस्त भोलीभाली जनता को मुआवजा दिए जाने की बात कहकर मंडी समारोह में भीड़ बढ़ाने की मकसद से ले जाया जा रहा है।
प्रदेश सरकार पर धावा बोलते हुए शौरी ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू को भी आड़े हाथों लिया और कह कि बंजार विधानसभा के साथ मुख्यमंत्री सौतेला व्यवहार कर रहे हैं। बंजार में आपदा के दौरान 6 जाने चली गई, 540 मकान पूरी तरह नष्ट हो गए और तकरीबन 850 मकान क्षतिग्रस्त हो चुके हैं। लेकिन हैरानी की बात है कि मुख्यमंत्री को एक बार भी यहां आकर जनता का हालचाल जानना भी जरुरी नहीं लगा। इतना ही नहीं, यहां की मुख्य सड़कें पूरी तरह तबाह होने पर मात्र ₹60 लाख की व्यवस्था की गई। जबकि राज्य के अन्य क्षेत्र जैसे नादौन वगैरह जहां न तो सड़क सुविधा बाधित है, न ही किसी प्रकार की कोई क्षति या आपदा का कहर बरपा है, वहां सड़कों के लिए करोड़ों रुपए मुहैया करवाए जा रहें हैं। इतना ही नहीं बंजार में विकास तो दूर की बात उल्टा यहां बहुत से स्कूलों सहित कुछ संस्थान भी सरकार ने बंद करवा डाले।
पत्रकार वार्ता के दौरान बंजार के विधायक सुरेंद्र शौरी ने बंजार क्षेत्र में टूरिज्म की अनदेखी करने के आरोप भी प्रदेश सरकार पर लगाए। उन्होंने कहा कि लारजी में ₹18 करोड़ के वाटर स्पोर्ट्स पर्यटन संस्थान बनाए जाने के बावजूद आज वहां की हालत दयनीय है। बंजार विधानसभा की पूरी तरह से अनदेखी इस सरकार ने की है। तो भला अब यह सब जश्न सरकार क्यों मना रही है, जब इस सरकार द्वारा प्रदेश में विकास पर ही ध्यान न दिया गया हो।


